- सप्तसागर विकास को गति देने के निर्देश: निगम आयुक्त ने चार प्रमुख जलाशयों का किया निरीक्षण, गहरीकरण-सौंदर्यीकरण पर जोर
- महाकाल मंदिर परिसर के पास खुदाई में मिला शिवलिंग: निर्माण कार्य रोका गया, दर्शन के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
- भोर में खुले महाकाल के पट: जल और पंचामृत से अभिषेक, रजत आभूषणों में सजे बाबा
- 8 साल बाद जेष्ठ में अधिकमास का दुर्लभ संयोग: 17 मई से 15 जून तक रहेंगे मांगलिक कार्य बंद, धार्मिक साधना, दान-पुण्य और तीर्थ के लिए श्रेष्ठ समय
- महाकाल मंदिर में तड़के भस्म आरती: स्वस्ति वाचन के बाद खुले पट, पंचामृत से अभिषेक; शेषनाग मुकुट में दिए भगवान ने दर्शन
बच्चों को मिले कदम…चलना तो दूर, बैठ भी नहीं पाते थे, थैरेपी के बाद अब चलने लगे
उज्जैन :- चार साल का राज बिस्तर से उठ भी नहीं पाता था, उसे एनेमाई नामक बीमारी थी, अब वह चलने लगा है। उसे कदम मिले हैं, जिला अस्पताल परिसर में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत संचालित डीईआईसी (जिला शीघ्र हस्तक्षेप केंद्र ) से।
परिवार के लोगों ने तो उम्मीद छोड़ दी थी कि वह कभी चल सकेगा पर उसकी मां रेखा पति धर्मेंद्र निवासी जयसिंहपुरा ने हिम्मत नहीं हारी। वह उसे रोजाना डीईआईसी लेकर आती रही, यहां उसे डॉ.आरती ने थैरेपी दी। बच्चे का हौसला बढ़ाया। अब वह उठकर बैठ जाता है, चल सकता है। उसे चलता हुआ देख मां की खुशी का ठिकाना नहीं रहता। इसके अलावा राम पिता भवानी सिंह उम्र एक वर्ष निवासी चिमनगंज मंडी के दोनों पैर टेढ़े थे, थैरेपी के बाद उसके पैर ठीक हो गए। मोहम्मद पिता शाहिद उम्र डेढ़ साल निवासी बेगमबाग बिस्तर से उठ भी नहीं पाता था। सात माह बाद अब वह बैठने लगा है। कुछ कदम चलने लगा है। सूर्या पिता शैलेंद्र निवासी बिलोटीपुरा के जन्म से ही पैर टेढ़े थे। अब उसके पैर सीधे हो गए हैं।